WWW(World Wide Web) क्या है?

आज हमारी लाइफ का बेहद खास हिस्सा बन गया है जो हमारी हर मुश्किल को कम करने में मदद करता है करता है, अपडेट रहता है और अपनों से जुड़ने का जरिया भी बनता है इस इंटरनेट का सबसे इंपोर्टेंट वर्ल्ड वाइड है जिसके बिना एक दूसरे से नहीं हो सकता है। इसलिए आपको भी www(World Wide Web)के बारे में जानकारी होनी चाहिए। इसलिए इस मेंआज बताएं कि World Wide Web क्या है, कैसे काम करता है|

WWW  full form –World Wide Web

INTERNET और देव दोनों का ही अलग-अलग कार्य है वास्तव में सर्विस करता है जानकारी साझा करने का कार्य करता है इसी कारण वेब को इंटरनेट का एक बहुत बड़ा हिस्सा माना जाता है तो अब चलिए जानते हैं कि वर्ल्ड वाइड वेब क्या है किसी भी WEBSITE के एड्रेस से पहले डब्लू डब्लू डब्लू लगा देखा होगा उसी डब्ल्यू डब्ल्यू डब्ल्यू की फुल फॉर्म वर्ल्ड वाइड वेब बहुत सारे वेब सर्वर क्लाइंट एक साथ होते हैं। इसे WWW ट्रिपल डब्ल्यू भी कहा जाता है कि डब्ल्यू का अविष्कार 1989 में ब्रिटिश वैज्ञानिक टीम बर्नर्स ली ने किया था। यह हाइपर टेक्स्ट मार्कअप लैंग्वेज इन एचटीएमएल का उपयोग करके हाइपरमीडिया को सपोर्ट करता है।

WWW एक प्रकार का इंफॉर्मेशन स्पेस होता है जहां डॉक्यूमेंट और करने रिसोर्सेज की पहचान एवं रिसर्च लोकेटर यानी यूआरएल द्वारा की जाती है। यह टेक्स्ट इन टैली्रो सकता है माध्यम से एक किया जा सकता है जबकि सी प्रावधान के अनुसार इस WEBSITE के पहले इसका अर्थ होता है किी WEBSITE किसी WEB SERVER पर UPLOAD हुआ है। इसीलिए उसे एक साथ करने के लिए WWW मदद ली जाती है। पीपल डब्लू एक बहुत बड़ा NETWORK है जहां हाइपर टेक्स्ट फाइल और आपस में लिंक रहते हैं World Wide Web को चलाने के लिए उपचार टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल होता है यूआरएल।

World Wide Web काम कैसे करता है

जो न्यूज आफ डॉक्यूमेंट को खुलता है तो इसके लिए यूजर द्वारा वेब ब्राउज़र का इस्तेमाल किया जाता है जो एक प्रकार की एप्लीकेशन होती है। ब्राउज़र डोमिन युगल का नाम लिखा जाता है तो browser.apk 2 मिनट एड्रेस को सर्च करने की रिक्वेस्ट जनरेट करता है क्योंकि उनका एड्रेस होता है इसके बाद ब्राउज़र डोमेन नेम सर्वर आईपी ऐड्रेस में बदल देता है जिससे ट्रिपल डब्ल्यू उस सफर में सर्च करता है जो इस सरकार में नष्ट हो जाता है तू। जिस से दो मिंको पोस्ट किया गया है वह सर्वत्र स्पेस को ब्राउज़र के पास वापस भेज देता है जिससे यूजर अपने वेब ब्राउज़र आसानी से देख सकते हैं। INTERNET और ट्रिपल डब्ल्यू एक समान नहीं होते हैं इसे आप इस तरह समझ सकते हैं कि INTERNET की शुरुआत ट्रिपल डब्ल्यू से।इंटरनेट ट्रिपल डब्ल्यू के बिना भी चल सकता है जबकि ट्रिपल डब्ल्यू इंटरनेट के बिना नहीं चल सकता है ।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *